कुल प्रश्नों की संख्या : 3
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प्रश्न. जलवायु शमन के प्रभावी उपायों के लिये तकनीकी नवाचार के साथ-साथ पारिस्थितिकीय सहनशीलता भी अत्यंत आवश्यक मानी जा रही है। इस संदर्भ में स्पष्ट कीजिये कि प्रकृति-आधारित समाधान किस प्रकार पारिस्थितिकी तंत्र के पुनरुद्धार और जैव विविधता संरक्षण में तकनीकी हस्तक्षेपों के साथ पूरक भूमिका निभा सकते हैं। (250 words)
सामान्य अध्ययन पेपर 3 पर्यावरण -
प्रश्न. कृत्रिम बुद्धिमत्ता, सेमीकंडक्टर और अंतरिक्ष प्रौद्योगिकी जैसे क्षेत्रों में डीप-टेक स्टार्टअप्स के बढ़ते उभार के साथ भारत वैश्विक प्रौद्योगिकी परिदृश्य में अपनी स्थिति को सुदृढ़ करने की दिशा में अग्रसर है। इस परिप्रेक्ष्य में, भारत की वैश्विक तकनीकी प्रतिस्पर्द्धात्मकता को सुदृढ़ करने में डीप-टेक नवाचारों और स्टार्टअप्स की भूमिका का आकलन कीजिये। (250 words)
सामान्य अध्ययन पेपर 3 विज्ञान-प्रौद्योगिकी -
मीरा शर्मा एक ज़िले में उप-मंडल दंडाधिकारी (एसडीएम) हैं, जहाँ सरकार द्वारा एक बड़े राजमार्ग विस्तार परियोजना को स्वीकृति दी गई है। इस परियोजना से संपर्क-सुविधा में सुधार, क्षेत्रीय व्यापार को प्रोत्साहन तथा रोज़गार के अवसरों का सृजन होने की अपेक्षा है।
हालाँकि, इस परियोजना के लिये कई गाँवों की कृषि भूमि का अधिग्रहण करना आवश्यक है। जहाँ अनेक भूमि स्वामियों ने कानून के अंतर्गत निर्धारित मुआवज़े को स्वीकार कर लिया है, वहीं लघु एवं सीमांत किसानों का एक समूह इस अधिग्रहण का कड़ा विरोध कर रहा है। उनका तर्क है कि यद्यपि मुआवज़ा विधिक रूप से निर्धारित है, फिर भी यह उनके दीर्घकालिक आजीविका-हानि की पर्याप्त भरपाई नहीं करता, क्योंकि कृषि ही उनकी मुख्य तथा कई मामलों में एकमात्र आय का स्रोत है।
एक सार्वजनिक परामर्श बैठक के दौरान स्थानीय कार्यकर्त्ताओं ने प्रशासन पर कमज़ोर किसानों के कल्याण की अपेक्षा आर्थिक विकास को प्राथमिकता देने का आरोप लगाया। कुछ ग्रामीणों ने विरोध-प्रदर्शन आयोजित करना भी प्रारंभ कर दिया है।
उधर, उच्च अधिकारी मीरा पर भूमि अधिग्रहण प्रक्रिया को शीघ्र पूर्ण करने का दबाव डाल रहे हैं, क्योंकि इस परियोजना की कठोर समय-सीमा है तथा इसका राजनीतिक महत्त्व भी अधिक है।
मीरा समझती हैं कि यदि परियोजना में विलंब होता है तो इससे प्रशासनिक आलोचना तथा आर्थिक हानि हो सकती है, किंतु किसानों की चिंताओं का समाधान किये बिना आगे बढ़ने से सामाजिक अन्याय एवं अशांति उत्पन्न हो सकती है। इस प्रकार मीरा एक कठिन नैतिक द्वंद्व का सामना कर रही हैं।
प्रश्न
प्रश्न 1. इस स्थिति में कौन-कौन से नैतिक मुद्दे सम्मिलित हैं?
प्रश्न 2. इस स्थिति में मीरा के सामने कौन-कौन से विकल्प उपलब्ध हैं? उनका मूल्यांकन कीजिये।
प्रश्न 3. इस स्थिति में मीरा को कौन-सा कार्य-पथ अपनाना चाहिये? अपने उत्तर का औचित्य सिद्ध कीजिये।
सामान्य अध्ययन पेपर 4 केस स्टडीज़