दृष्टि ज्यूडिशियरी का पहला फाउंडेशन बैच 11 मार्च से शुरू अभी रजिस्टर करें
ध्यान दें:

उत्तराखंड स्टेट पी.सी.एस.

  • 28 Jan 2023
  • 0 min read
  • Switch Date:  
उत्तराखंड Switch to English

उत्तराखंड के खिलाड़ियों के 4% आरक्षण के अध्यादेश को मिली मंज़ूरी

चर्चा में क्यों?

27 जनवरी, 2023 को उत्तराखंड की खेल मंत्री रेखा आर्य ने बताया कि राज्य के खिलाड़ियों को सरकारी नौकरियों में चार प्रतिशत क्षैतिज आरक्षण देने के लिये राज्य सरकार अध्यादेश ला रही है। न्याय विभाग ने अध्यादेश लाने को मंज़ूरी दे दी है।

प्रमुख बिंदु 

  • विभाग के अधिकारियों के मुताबिक पूर्व में 4 प्रतिशत क्षैतिज आरक्षण का शासनादेश था, लेकिन 2013 में हाईकोर्ट ने इस शासनादेश को रद्द कर दिया था।
  • खेल मंत्री रेखा आर्य के मुताबिक प्रदेश के खिलाड़ियों को सरकारी नौकरियों में आरक्षण का लाभ दिया जा सके, इसके लिये न्याय और कार्मिक विभाग से सहमति मिल गई है और इसके लिये नियमावली बनाई गई है।
  • कैबिनेट के माध्यम से अध्यादेश लाकर या विधानसभा के माध्यम से इसे कानून बनाया जाएगा। इससे प्रदेश में खेल का और बेहतर माहौल बनेगा व खिलाड़ियों का भविष्य सुरक्षित होगा।
  • खेल निदेशक जितेंद्र सोनकर ने बताया कि प्रदेश सरकार हरियाणा राज्य की तर्ज़ पर उत्तराखंड में अंतर्राष्ट्रीय पदक विजेता को 5400 ग्रेड पे पर सीधे नौकरी देने की तैयारी कर रही है। इसके लिये तैयार प्रस्ताव को वित्त और कार्मिक विभाग से मंज़ूरी मिल गई है।
  • इसका शासनादेश जारी होते ही हरियाणा के बाद उत्तराखंड पदक विजेता खिलाड़ियों को सीधे नौकरी देने वाला देश का दूसरा राज्य बन जाएगा।
  • खेल मंत्री रेखा आर्य ने बताया कि राज्य सरकार की ओर से खेल और खिलाड़ियों को बढ़ावा दिया जा रहा है। पदक विजेता खिलाड़ियों को सीधे नौकरी मिलने से उन्हें प्रोत्साहन मिलेगा, जिससे उत्तराखंड को खेलभूमि के नाम से भी जाना जा सकेगा।

उत्तराखंड Switch to English

सेना मेडल से सम्मानित होंगे उत्तराखंड के मेजर प्रशांत भट्ट

चर्चा में क्यों?

25 जनवरी, 2023 को देश की राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू की ओर से की गई वीरता पुरस्कारों की घोषणा में उत्तराखंड के बागेश्वर ज़िले के कौसानी निवासी युवा सैन्य अधिकारी मेजर प्रशांत भट्ट को सेना मेडल के लिये चयनित किया गया है।

प्रमुख बिंदु 

  • उल्लेखनीय है कि युवा सैन्य अधिकारी मेजर प्रशांत भट्ट का सैनिक स्कूल से 12वीं पास करने के बाद प्रथम प्रयास में ही एनडीए में चयन हुआ था। वर्ष 2014 में वह भारतीय सेना की दो पैरा स्पेशल फोर्स में लेफ्टिनेंट के पद पर चुने गए। बाद में कमीशंड मिलने पर वह मेजर के पद पर पहुँचे।
  • सेवाकाल में बॉर्डर पर हुए कई सफल ऑपरेशन में उनकी कुशल नेतृत्व क्षमता और साहस को देखते हुए गणतंत्र दिवस की पूर्व संध्या पर वीरता पुरस्कारों के लिये चयनित जांबांजों में उन्हें भी सेना मेडल के लिये चुना गया है।
  • प्रशांत भट्ट को भारत सरकार ने कुशल नेतृत्व, कर्त्तव्य परायण, साहस और संवेदनशील मुद्दों को सरलता से हल करने पर सेना मेडल से सम्मानित करने की घोषणा की है।
  • ज्ञातव्य है कि मेजर प्रशांत भट्ट वर्तमान में मध्य प्रदेश के महू में जूनियर कमांड का प्रशिक्षण हासिल कर रहे हैं।
  • विदित है कि उत्तराखंड सरकार द्वारा सेना मेडल प्राप्त वीर जांबाज सैनिकों को पुरस्कार के तौर पर एकमुश्त 15 लाख रुपए और हर वर्ष 50,000 रुपए तथा भारत सरकार से भी लगभग इतनी ही धनराशि दी जाती है। 

 Switch to English
close
एसएमएस अलर्ट
Share Page
images-2
images-2