राजस्थान
जयपुर में क्षेत्रीय श्रम एवं रोज़गार सम्मेलन का उद्घाटन हुआ
- 15 Jan 2026
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चर्चा में क्यों?
राजस्थान के जयपुर में दो दिवसीय (14-15 जनवरी, 2026) क्षेत्रीय श्रम एवं रोज़गार सम्मेलन का उद्घाटन किया गया, जिसमें भारत के चार नए श्रम संहिताओं के कार्यान्वयन पर ध्यान केंद्रित किया गया।
मुख्य बिंदु:
- जयपुर सम्मेलन: यह पूरे देश में नए श्रम नियामक ढाँचे को प्रभावी ढंग से लागू करने के लिये छह क्षेत्रीय परामर्श सत्रों की शृंखला का हिस्सा है।
- भागीदार: उत्तर-पश्चिमी राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों के श्रम और उद्योग सचिव सम्मेलन में शामिल हुए ताकि व्यवसाय करने में आसानी पर चर्चा की जा सके।
- सम्मेलन का उद्देश्य: मुख्य उद्देश्य चार नए श्रम संहिताओं के सुगम क्रियान्वयन, वेब-आधारित निरीक्षण प्रणाली में संक्रमण और सामाजिक सुरक्षा का सार्वभौमिकरण सुनिश्चित करना है।
- ये संहिताएँ भारत के श्रम और रोज़गार नियामक ढाँचे को आधुनिक बनाने तथा सुव्यवस्थित करने के लिये तैयार की गई हैं।
- श्रम सुधार: 29 केंद्रीय श्रम कानूनों को चार संहिताओं में समेकित किया गया है ताकि अनुपालन सरल हो और श्रमिकों के अधिकार सुरक्षित रहें।
- ई-श्रम पोर्टल: सम्मेलन में ई-श्रम पोर्टल को अन्य डेटाबेस के साथ एकीकृत करने और असंगठित श्रमिकों को बिना रुकावट लाभ उपलब्ध कराने पर भी चर्चा हुई।
- महत्त्व: श्रम सुधारों में संघीय समन्वय को मज़बूत करना, नई संहिता के नियमों को त्वरित रूप से अंतिम रूप देना और विभिन्न राज्यों में श्रम प्रशासन तथा रोज़गार सेवाओं को सुधारना है।
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