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Rapid Fire (करेंट अफेयर्स): 06 नवंबर, 2020

  • 06 Nov 2020
  • 5 min read

द्रज़बा-5 युद्धाभ्यास

रूस की सेना की एक टुकड़ी दो सप्ताह के लंबे सैन्य अभ्यास के लिये पाकिस्तान पहुँच गई है। द्रज़बा-5 (Druzhba-5) नामक इस युद्धाभ्यास का उद्देश्य आतंकवाद के क्षेत्र में दोनों सेनाओं के अनुभवों को साझा करना है। ध्यातव्य है कि पाकिस्तान और रूस की सेना के बीच पहला संयुक्त द्रज़बा (Druzhba) अभ्यास वर्ष 2016 में आयोजित किया गया था, जिसके बाद से यह अभ्यास अब तक कुल पाँच बार आयोजित किया जा चुका है। इससे पूर्व सितंबर माह में पाकिस्तान के सशस्त्र बलों की एक टुकड़ी ने दक्षिणी रूस के अस्त्राखान प्रांत (Astrakhan Province) में आयोजित एक बहुराष्ट्रीय सैन्य अभ्यास काकेशस- 2020 (Caucasus-2020) में भी हिस्सा लिया था। ज्ञात हो कि भारत ने कोरोना वायरस महामारी के चलते रूस में होने वाले इस युद्धाभ्यास से अपनी भागीदारी को वापस ले लिया था। भारत और रूस के बीच भी इंद्र (Indra) नाम से एक युद्धाभ्यास का आयोजन किया जाता है, जिसकी शुरुआत वर्ष 2003 में की गई थी।

जॉन पोम्‍बे मागुफुली 

हाल ही में जॉन पोम्‍बे मागुफुली (John Pombe Magufuli) ने तंज़ानिया के राष्ट्रपति के रूप में पुनः पदभार संभाला है। जॉन पोम्‍बे मागुफुली का जन्म 29 अक्तूबर, 1959 को तंज़ानिया के एक किसान परिवार में हुआ था। तंज़ानिया हिंद महासागर के तट पर स्थित पूर्वी अफ्रीका का एक देश है। इसकी औपचारिक राजधानी डोडोमा है, जबकि वास्तविक (de facto) राजधानी दार-ए-सलाम (Dar es Salaam) है, जहाँ अधिकांश सरकारी प्रशासनिक कार्यालय स्थापित हैं। तंज़ानिया के उत्तर में युगांडा, विक्टोरिया झील और केन्या; पूर्व में हिंद महासागर; पश्चिम में बुरुंडी एवं रवांडा तथा दक्षिण-पश्चिम में मोज़ाम्बिक, न्यासा झील, मलावी व ज़ाम्बिया स्थित हैं। अफ्रीका का सबसे ऊँचा पर्वत, माउंट किलिमंज़ारो (5,895 मीटर) भी तंज़ानिया में ही अवस्थित है। इसके अलावा हिंद महासागर में स्थित माफिया (Mafiya), ज़ंज़ीबार और पेम्बा द्वीप तंज़ानिया शासित हैं।

Tanzania

एम. एम. नरवणे 

भारतीय सेना प्रमुख जनरल एम. एम. नरवणे (Gen M M Naravane) को नेपाल की सेना के जनरल की मानद उपाधि प्रदान की गई है। जनरल एम. एम. नरवणे को यह सम्‍मान काठमांडू में राष्ट्रपति के आधिकारिक निवास ‘शीतल निवास’ में आयोजित एक विशेष समारोह में नेपाल की राष्ट्रपति विद्या देवी भंडारी द्वारा प्रदान किया गया। इस अवसर पर उन्‍हें तलवार और सूचीपत्र (Scroll) प्रदान किया गया। इससे पूर्व नेपाल सेना के प्रमुख जनरल पूर्ण चंद्र थापा को राष्ट्रपति राम नाथ कोविंद ने नई दिल्ली में आयोजित एक समारोह में इसी प्रकार की मानद उपाधि से सम्मानित किया था। ज्ञात हो कि दोनों देशों के बीच सेना अध्‍यक्ष को मानद उपाधि प्रदान करने की यह परंपरा सात दशकों से भी अधिक पुरानी है। कमांडर-इन-चीफ जनरल के.एम. करियप्पा पहले भारतीय सेना प्रमुख थे, जिन्हें वर्ष 1950 में इस उपाधि से अलंकृत किया गया था। 

इंडो-इज़राइल सेंटर ऑफ एक्सीलेंस फॉर वेजिटेबल्स प्रोटेक्टेड कल्टीवेशन

असम के मुख्यमंत्री सर्बानंद सोनोवाल और भारत में इज़राइल के राजदूत ने असम के कामरूप ज़िले के खेत्री (Khetri) में इंडो-इज़राइल सेंटर ऑफ एक्सीलेंस फॉर वेजिटेबल्स प्रोटेक्टेड कल्टीवेशन (Indo-Israel Centre of Excellence for Vegetables Protected Cultivation) की आधारशिला रखी है। 8 हेक्टेयर क्षेत्र में बनने वाले इस केंद्र को 10.33 करोड़ रुपए की लागत से भारत-इज़राइल कृषि परियोजना के तहत बनाया जाएगा, जिसमें एक हाई-टेक ग्रीनहाउस, स्वचालित सिंचाई प्रणाली और कीट-रोधी हाउस जैसी सुविधाएँ उपलब्ध होंगी। साथ ही इस केंद्र में राज्य के किसानों को प्रशिक्षण भी प्रदान किया जाएगा।

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