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विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी

युवा विज्ञानी कार्यक्रम

  • 05 Mar 2019
  • 4 min read

चर्चा में क्यों?

भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (Indian Space Research Organization-ISRO) ने इस वर्ष से स्कूली बच्चों हेतु ‘युवा विज्ञानी कार्यक्रम’ (Young Scientist Programme) नामक एक विशेष कार्यक्रम की शुरुआत की है।

प्रमुख बिंदु

  • इसरो द्वारा शुरू किये गए इस कार्यक्रम का उद्देश्य मुख्य रूप से अंतरिक्ष के उभरते क्षेत्र में रुचि जगाने के इरादे से युवाओं को अंतरिक्ष प्रौद्योगिकी, अंतरिक्ष विज्ञान और अंतरिक्ष अनुप्रयोगों पर मूलभूत ज्ञान प्रदान करना है।
  • इस कार्यक्रम के तहत गर्मियों की छुट्टियों के दौरान लगभग दो सप्ताह तक आवासीय प्रशिक्षण कार्यक्रम चलेगा।
  • इस कार्यक्रम में भाग लेने के लिये हर साल प्रत्येक राज्य/केंद्रशासित प्रदेश से 3 छात्रों का चयन किया जाना प्रस्तावित है। इसमें ऐसे राज्य शामिल होंगे जो CBSE, ICSE और राज्य के पाठ्यक्रम को कवर करते हैं।
  • 8वीं कक्षा में उत्तीर्ण तथा वर्तमान में 9वीं कक्षा में पढ़ रहे छात्र इस कार्यक्रम के लिये पात्र होंगे। इस कार्यक्रम हेतु चयनित छात्रों को इसरो के अतिथिगृह/हॉस्टल में ठहराया जाएगा।
  • पूरे पाठ्यक्रम के दौरान छात्र द्वारा की जाने वाली यात्रा हेतु रेलगाड़ी के द्वितीय श्रेणी का किराया, पाठ्य सामग्री, रहने एवं खाने इत्यादि में आने वाले खर्च का वहन भी इसरो द्वारा ही किया जाएगा।
  • चयनित छात्र को इसरो के रिपोर्टिंग केंद्र तक लाने एवं ले जाने हेतु एक अभिभावक/माता-पिता को भी रेलगाड़ी में द्वितीय श्रेणी के किराये की सुविधा प्रदान की जाएगी।
  • ध्यातव्य है कि इसरो ने त्रिपुरा में एक इनक्यूबेशन केंद्र विकसित किया है और भविष्य में ऐसे ही चार अन्य केंद्र त्रिची, नागपुर, राउरकेला और इंदौर में विकसित किये जाने की योजना है।

चयन प्रक्रिया

  • इसरो ने भारत में संबंधित राज्यों के मुख्य सचिवों/केंद्रशासित प्रदेशों के प्रशासकों से संपर्क किया है ताकि वे अपने संबंधित राज्य/केंद्रशासित प्रदेश से तीन छात्रों के चयन की व्यवस्था कर सकें और इसरो को सूची के बारे में बता सकें।
  • यह चयन शैक्षणिक प्रदर्शन और पाठ्येतर गतिविधियों पर आधारित है, जो स्पष्ट रूप से चयन मानदंड में वर्णित है और जिसे राज्यों के मुख्य सचिवों/संघ शासित प्रदेशों के प्रशासकों को पहले से ही परिचालित कर दिया गया है।
  • ग्रामीण क्षेत्र से संबंधित छात्रों को चयन मानदंडों में विशेष भारांक दिया गया है। मार्च 2019 के अंत तक प्रत्येक राज्य से चयनित उम्मीदवारों की सूची अपेक्षित है।

स्रोत- पीआईबी

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