हिंदी साहित्य: पेन ड्राइव कोर्स
ध्यान दें:

डेली अपडेट्स

भारतीय अर्थव्यवस्था

केंद्रीय राजस्व नियंत्रण प्रयोगशाला को क्षेत्रीय सीमा शुल्क प्रयोगशाला के रूप में मान्यता

  • 05 Mar 2021
  • 4 min read

चर्चा में क्यों?

हाल ही में केंद्रीय अप्रत्यक्ष कर और सीमा शुल्क बोर्ड (Central Board of Indirect Taxes & Custom) के तहत केंद्रीय राजस्व नियंत्रण प्रयोगशाला (Central Revenues Control Laboratory), नई दिल्ली को एशिया-प्रशांत क्षेत्र के लिये विश्व सीमा शुल्क संगठन (World Customs Organisation) की क्षेत्रीय सीमा शुल्क प्रयोगशाला (Regional Customs Laboratory) के रूप में मान्यता दी गई।

  • RCL के रूप में मान्यता से अब CRCL जापान और कोरिया जैसे क्षेत्रों में स्थापित सीमा शुल्क प्रयोगशालाओं के चुनिंदा समूहों में शामिल हो गया है।

प्रमुख बिंदु

केंद्रीय राजस्व नियंत्रण प्रयोगशाला के विषय में:

  • CRCL की स्थापना वर्ष 1939 में हुई थी।
  • उपकरण आधारित परीक्षणों की शुरुआत से राजस्व प्रयोगशालाएँ अब कानून और प्रवर्तन पर कोई समझौता किये बिना तेज़ी से मंज़ूरी देने की सुविधा प्रदान कर रही हैं। इस प्रकार ये व्यापार को सुगम बनाने में महत्त्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं।

क्षेत्रीय सीमा शुल्क प्रयोगशाला:

  • इस प्रयोगशाला का काम टैरिफ वर्गीकरण और शुल्कों के स्तर तथा अन्य करों को निर्धारित करने के लिये केमिकल एनालिसिस (Chemical Analysis) करना है।
  • इसकी भूमिका व्यापार पैटर्न और तकनीकी विकास में परिवर्तन के साथ-साथ विकसित हुई है।
  • आधुनिक सीमा शुल्क प्रयोगशालाएँ अब पर्यावरण संरक्षण में एक महत्त्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं (जैसे- ओज़ोन क्षरण करने वाले पदार्थों के व्यापार को नियंत्रित करना)। साथ ही लुप्तप्राय प्रजातियों की सुरक्षा, कीटनाशकों (जैसे- खतरनाक सामग्री), जैविक प्रदूषक, रासायनिक हथियार आदि के व्यापार को भी नियंत्रित कर रही हैं।

विश्व सीमा शुल्क संगठन:

  • विश्व सीमा शुल्क संगठन की स्थापना वर्ष 1952 में सीमा शुल्क सहयोग परिषद (Customs Co-operation Council- CCC) के रूप में की गई। यह एक स्वतंत्र अंतर-सरकारी निकाय है, जिसका उद्देश्य सीमा शुल्क प्रशासन की प्रभावशीलता और दक्षता को बढ़ाना है।
  • WCO दुनिया भर के 183 सीमा शुल्क प्रशासनों का प्रतिनिधित्व करता है, इनके द्वारा विश्व में सामूहिक रूप से लगभग 98% व्यापार किया जाता है।
  • भारत को दो साल की अवधि के लिये (जून 2020 तक) WCO के एशिया प्रशांत क्षेत्र का उपाध्यक्ष (क्षेत्रीय प्रमुख) बनाया गया था।
  • यह सीमा शुल्क मामलों को देखने में सक्षम एकमात्र अंतर्राष्ट्रीय संगठन है, इसलिये इसे अंतर्राष्ट्रीय सीमा शुल्क समुदाय की आवाज़ कहा जा सकता है।
  • इसका मुख्यालय ब्रसेल्स, बेल्जियम में है।
  • WCO के तहत कुछ महत्त्वपूर्ण सम्मेलन/तंत्र:
    • सुरक्षित और वैश्विक व्यापार को सुगम बनाने के लिये मानकों का सेफ फ्रेमवर्क (SAFE Framework)।
    • हार्मोनाइज़्ड कमोडिटी विवरण (Harmonized Commodity Description) और कोडिंग सिस्टम (Coding System) पर अंतर्राष्ट्रीय सम्मेलन।
    • सीमा शुल्क प्रक्रियाओं के सरलीकरण और सामंजस्य पर अंतर्राष्ट्रीय सम्मेलन (संशोधित क्योटो सम्मेलन)।

स्रोत: पी.आई.बी.

एसएमएस अलर्ट
Share Page