AssamSAT मिशन | 26 Mar 2026

स्रोत: द हिंदू 

असम AssamSAT नाम के पृथ्वी-अवलोकन उपग्रहों के समूह के लिये निविदा जारी करने वाला पहला भारतीय राज्य बन गया है, जिसका उद्देश्य आपदा प्रतिक्रिया को बेहतर बनाना और राज्य की अंतर्राष्ट्रीय सीमाओं को सुरक्षित करना है।

  • तकनीकी विशिष्टताएँ: असम ने निजी कंपनियों से कम-से-कम 5 उपग्रहों को लो-अर्थ ऑर्बिट (LEO) यानी पृथ्वी की निचली कक्षा में डिज़ाइन करने, बनाने, लॉन्च करने और संचालित करने के लिये कहा है।
    • चूँकि असम में वर्ष के लगभग छह महीने बादलों का भारी जमाव रहता है, इसलिये इन उपग्रहों में सिंथेटिक अपर्चर रडार (SAR) लगे होने की उम्मीद है, जो बादलों और अँधेरे को चीरकर साफ तस्वीरें ले सकते हैं।
  • वर्तमान व्यवस्था: वर्तमान में राज्य आपदा प्रबंधन एजेंसियाँ जब उपग्रह डेटा की आवश्यकता होती है, तो वे राष्ट्रीय सुदूर संवेदन केंद्र (NRSC) को अनुरोध भेजती हैं, जो उन अनुरोधों को संसाधित कर आवश्यक जानकारी उपलब्ध कराता है।

लो-अर्थ ऑर्बिट (LEO)

  • परिचय: लो-अर्थ ऑर्बिट (LEO) पृथ्वी की सतह के अपेक्षाकृत निकट का अंतरिक्ष क्षेत्र है, जो आमतौर पर 160 किमी. से 2,000 किमी. की ऊँचाई के बीच होता है। पृथ्वी से निकटता और लॉन्च के लिये कम ऊर्जा की आवश्यकता के कारण यह उपग्रहों के लिये सबसे सामान्य और लोकप्रिय कक्षा है।
  • मुख्य विशेषताएँ:
    • उच्च गति: कक्षा में बने रहने और पृथ्वी के गुरुत्वाकर्षण का मुकाबला करने के लिये LEO में स्थित उपग्रहों को लगभग 7.8 किमी./सेकंड (लगभग 28,000 किमी./घंटा) की गति से चलना आवश्यक होता है।
    • शॉर्ट ऑर्बिटल पीरियड: एक सामान्य लो-अर्थ ऑर्बिट (LEO) उपग्रह पृथ्वी के चारों ओर लगभग 90 से 120 मिनट में एक पूरा चक्कर लगाता है, यानी यह दिन में करीब 14–16 बार पृथ्वी की परिक्रमा करता है।
  • लाभ: पृथ्वी की सतह के निकट होने के कारण उच्च-रिज़ॉल्यूशन वाली इमेजिंग (जो आपदा प्रबंधन और निगरानी हेतु महत्त्वपूर्ण है) और कम विलंबता (जो वास्तविक समय के संचार और हाई-स्पीड इंटरनेट के लिये अनिवार्य है) संभव हो पाती है।

मुख्य उपयोग और उदाहरण:

उपयोग के मामले 

उदाहरण

मानव अंतरिक्ष उड़ान

अंतर्राष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन (ISS) और चीन का तियांगोंग अंतरिक्ष स्टेशन लगभग 400–420 किलोमीटर की ऊँचाई पर परिक्रमा करते हैं।

रिमोट सेंसिंग

उच्च-रिज़ॉल्यूशन इमेजिंग उपग्रह (जैसे– AssamSAT) बाढ़, सीमाओं और वनों की निगरानी के लिये LEO का उपयोग करते हैं।

संचार

स्टारलिंक (SpaceX) जैसे बड़े उपग्रह समूह बहुत कम अंतराल के साथ वैश्विक इंटरनेट और फोन कवरेज प्रदान करते हैं।

वैज्ञानिक अनुसंधान

हबल स्पेस टेलीस्कोप लो अर्थ ऑर्बिट (LEO) में परिक्रमा करता है और ब्रह्मांड की स्पष्ट व उच्च गुणवत्ता वाली तस्वीरें कैप्चर करता है।

Orbits

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