अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस 2026 | 09 Mar 2026
चर्चा में क्यों?
अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस (IWD) प्रतिवर्ष 8 मार्च को मनाया जाता है, जिसका उद्देश्य महिलाओं की उपलब्धियों का सम्मान करना और लैंगिक समानता को बढ़ावा देना है। वर्ष 2026 में इस दिवस के आयोजन में भारत के विकास में नारी शक्ति की भूमिका तथा विकसित भारत के दृष्टिकोण को विशेष रूप से रेखांकित किया गया है।
मुख्य बिंदु:
- परिचय: अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस प्रतिवर्ष 8 मार्च को विश्वभर में मनाया जाता है। इसका उद्देश्य सामाजिक, आर्थिक, सांस्कृतिक और राजनीतिक क्षेत्रों में महिलाओं के योगदान को मान्यता देना तथा लैंगिक समानता को बढ़ावा देना है।
- इस दिवस की शुरुआत 20वीं सदी की शुरुआत में उत्तरी अमेरिका और यूरोप के श्रमिक आंदोलनों से हुई, जहाँ महिलाओं ने अपने अधिकारों के लिये आवाज़ उठाई।
- बाद में वर्ष 1977 में संयुक्त राष्ट्र द्वारा इसे आधिकारिक रूप से मान्यता मिलने के बाद इसे वैश्विक स्तर पर व्यापक पहचान मिली।
- 8 मार्च की तिथि का कारण: यह तिथि वर्ष 1917 में रूस की महिला श्रमिकों द्वारा किये गए ‘ब्रेड और पीस’ (रोटी और शांति) की मांग वाले विरोध प्रदर्शन से जुड़ी है।
- यह हड़ताल 23 फरवरी (जूलियन कैलेंडर) को शुरू हुई थी, जो अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर प्रचलित ग्रेगोरियन कैलेंडर के अनुसार 8 मार्च के बराबर है।
- थीम: अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस 2026 की थीम है — “अधिकार और न्याय के साथ-साथ हर महिला और बालिका के सशक्तीकरण हेतु वास्तविक कार्रवाई (Rights. Justice. Action. For ALL Women and Girls)”।
- यह महिलाओं के अधिकारों को सशक्त बनाने, न्याय तक उनकी पहुँच सुनिश्चित करने और विश्वभर में लैंगिक समानता को तेज़ी से आगे बढ़ाने पर ज़ोर देती है।
- वैश्विक अभियान: ‘गिव टू गेन’ नामक वैश्विक अभियान महिलाओं को सशक्त बनाने के लिये सामूहिक सहयोग, मार्गदर्शन और संसाधनों के साझा उपयोग के महत्त्व को रेखांकित करता है।
- भारत में विकास की सोच ‘महिलाओं के लिये विकास’ से आगे बढ़कर ‘महिला-नेतृत्व वाला विकास’ की दिशा में विकसित हुई है, जिसमें उद्यमिता, शिक्षा और शासन में भागीदारी के माध्यम से महिलाओं को आर्थिक तथा सामाजिक प्रगति का प्रमुख चालक माना जाता है।
- पहल: भारत में वित्तीय समावेशन, शिक्षा, स्वास्थ्य, सुरक्षा, स्वयं सहायता समूहों और कौशल विकास से जुड़ी अनेक पहलों के माध्यम से महिला सशक्तीकरण के लिये मज़बूत पारिस्थितिकी तंत्र तैयार किया जा रहा है।
- इसी क्रम में नई दिल्ली के कर्त्तव्य पथ पर आयोजित ‘शक्ति वॉक – #SheLeadsBharat’ जैसे कार्यक्रम भी आयोजित किये जाते हैं, जो राष्ट्रीय विकास में महिलाओं के नेतृत्व और भागीदारी का प्रतीक हैं।
- महत्त्व: यह दिवस महिलाओं की उपलब्धियों का उत्सव मनाने, लैंगिक समानता को बढ़ावा देने तथा समावेशी और सतत विकास की दिशा में प्रगति को तेज़ करने के लिये एक वैश्विक मंच प्रदान करता है।
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