ह्यूमनॉइड रोबोट 'ASC अर्जुन' | 27 Jan 2026
चर्चा में क्यों?
भारतीय रेलवे ने आंध्र प्रदेश के विशाखापत्तनम रेलवे स्टेशन पर ‘ASC अर्जुन’ नामक एक ह्यूमनॉइड रोबोट तैनात किया है।
मुख्य बिंदु:
- पहली पहल: यह नवाचार-आधारित यात्री सेवा सुधार के तहत भारतीय रेलवे नेटवर्क पर ह्यूमनॉइड रोबोट की पहली तैनाती है।
- स्वदेशी तकनीक: ASC अर्जुन को रेलवे सुरक्षा बल (RPF), विशाखापत्तनम द्वारा स्वदेशी तकनीक का उपयोग करके विकसित किया गया है।
- भूमिका और कार्य: यह स्टेशन संचालन में RPF कर्मियों की सहायता करता है, विशेषकर यात्रियों की भीड़ के समय।
- सुरक्षा और निगरानी विशेषताएँ: इसमें घुसपैठ पहचान के लिये फेस रिकॉग्निशन सिस्टम (FRS), AI-आधारित भीड़ निगरानी और RPF कंट्रोल रूम से रियल-टाइम कनेक्टिविटी शामिल है।
- यात्री सहायता: यह रोबोट अंग्रेज़ी, हिंदी और तेलुगु में स्वचालित सार्वजनिक घोषणाएँ कर सकता है।
- स्वायत्त गश्त: ASC अर्जुन में बाधा-परिहार क्षमता के साथ अर्ध-स्वायत्त नेविगेशन है।
- जिससे 24×7 प्लेटफॉर्म गश्त और मानव संसाधन के बेहतर उपयोग में सहायता मिलती है।
- आपातकालीन प्रतिक्रिया प्रणाली: इसमें आग और धुएँ की पहचान करने वाली प्रणालियाँ शामिल हैं, ताकि आपात स्थिति में समय पर कार्रवाई हो सके।
- इंटरैक्टिव डिज़ाइन: यह ‘नमस्ते’ जैसे मित्रतापूर्ण इशारों के साथ यात्रियों से संवाद करता है तथा वास्तविक समय की जानकारी और सहायता प्रदान करता है।
- महत्त्व: यह सुरक्षित, संरक्षित और अधिक यात्री–अनुकूल स्टेशनों के लिये तकनीक अपनाने पर भारतीय रेलवे के फोकस को दर्शाता है।
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