चावल आपूर्ति पर भारतीय खाद्य निगम–विश्व खाद्य कार्यक्रम के बीच समझौता ज्ञापन | 19 Feb 2026

स्रोत:पीआईबी

भारतीय खाद्य निगम (FCI) और विश्व खाद्य कार्यक्रम (WFP) ने वैश्विक भूख राहत अभियानों के समर्थन हेतु चावल की आपूर्ति के लिये एक समझौता ज्ञापन (MoU) पर हस्ताक्षर किये।

  • मानवीय साझेदारी: इस समझौता ज्ञापन के तहत FCI द्वारा वैश्विक मानवीय सहायता हेतु WFP को 200,000 मीट्रिक टन चावल (अधिकतम 25% टूटा हुआ) की आपूर्ति की जाएगी। यह समझौता 5 वर्षों के लिये वैध है तथा पारस्परिक सहमति से इसका विस्तार किया जा सकता है।
  • वैश्विक खाद्य सुरक्षा के प्रति भारत की प्रतिबद्धता: इस साझेदारी के माध्यम से भारत संवेदनशील और वंचित आबादी तक “आशा, पोषण और गरिमा” का निर्यात कर रहा है। यह वैश्विक समुदाय के साथ मिलकर भूख और कुपोषण के विरुद्ध संघर्ष करने की उसकी प्रतिबद्धता को प्रदर्शित करता है।

विश्व खाद्य कार्यक्रम

  • स्थापना और अधिदेश: विश्व खाद्य कार्यक्रम (WFP) की स्थापना वर्ष 1961 में संयुक्त राष्ट्र महासभा और खाद्य एवं कृषि संगठन (FAO) द्वारा की गई थी।
    • यह संयुक्त राष्ट्र के अधीन कार्य करता है तथा इसका द्वैध अधिदेश है, जिसमें आपातकालीन खाद्य राहत प्रदान करना और दीर्घकालिक खाद्य सुरक्षा एवं स्थिरता को समर्थन देना शामिल है।
  • मान्यता: विश्व खाद्य कार्यक्रम (WFP) को वर्ष 2020 में भूख से लड़ने, युद्ध में भुखमरी को हथियार के रूप में प्रयोग करने से रोकने तथा खाद्य सहायता के माध्यम से शांति को बढ़ावा देने के प्रयासों के लिये नोबेल शांति पुरस्कार से सम्मानित किया गया।
  • भारत-WFP सहयोग ढाँचा: भारत फोर्टिफाइड राइस रोलआउट, ग्रेन ATM (अन्नपूर्णा उपकरण), जन पोषण केंद्र, स्मार्ट वेयरहाउसिंग तथा मोबाइल भंडारण इकाइयों (फ्लोस्पैन) जैसी नवोन्मेषी पहलों के माध्यम से WFP के साथ सहयोग करता है।

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