AI के संबंध में यूरोपीय संघ का ऐतिहासिक कानून | 12 Dec 2023

प्रिलिम्स के लिये:

यूरोपीय संघ, कृत्रिम बुद्धिमत्ता, फेशियल रिकग्निशन टेक्नोलॉजी, जेनरेटिव एआई, सामान्य डेटा संरक्षण विनियमन, कृत्रिम बुद्धिमत्ता पर वैश्विक साझेदारी

मेन्स के लिये:

AI विनियमन के लिये विभिन्न वैश्विक दृष्टिकोण, AI विनियमन के लिये यूरोपीय संघ फ्रेमवर्क के प्रमुख घटक, AI विनियमन के संबंध में भारत की रणनीति

स्रोत: इंडियन एक्सप्रेस

चर्चा में क्यों? 

हाल ही में यूरोपीय संघ (EU), कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI) के उपयोग को पूर्ण रूप से विनियमित करने के उद्देश्य से व्यापक कानून बनाने वाला पहला महाद्वीपीय राष्ट्र बन गया है।

  • यूरोपीय संघ की प्रस्तावित रूपरेखा पर वर्ष 2024 की शुरुआत में संसदीय मतदान किया जाएगा, जो संभावित रूप से वर्ष 2025 तक लागू हो जाएगी।

AI विनियमन के लिये यूरोपीय संघ (EU) फ्रेमवर्क के प्रमुख घटक क्या हैं?

  • सुरक्षा उपाय संबंधी कानून:
    • उपभोक्ताओं का सशक्तीकरण: यह व्यक्तियों को AI के कथित उल्लंघन के खिलाफ शिकायत करने में सक्षम बनाएगा, साथ ही, कानून प्रवर्तन एजेंसियों द्वारा AI के उपयोग को लेकर स्पष्ट सीमाएँ निर्धारित की गई हैं।
    • AI पर सख्त सीमाएँ: फेशियल रिकग्निशन टेक्नोलॉजी और मानव व्यवहार में AI परिचालन को लेकर सख्त प्रतिबंध।
    • उल्लंघन की स्थिति में दंड का प्रावधान: नियमों का उल्लंघन करते पाए जाने वाली कंपनियों के लिये कड़े दंड का प्रावधान।
    • सीमित बायोमेट्रिक निगरानी: इसमें सरकारों को केवल आतंकवादी हमलों जैसे गंभीर खतरों के मामलों में सार्वजनिक क्षेत्रों में रियल टाइम बायोमेट्रिक निगरानी के उपयोग करने की अनुमति की बात की गई है।
  • AI अनुप्रयोगों का वर्गीकरण:
    • चार जोखिम वर्ग: AI अनुप्रयोगों को उनके जोखिम के स्तर और आक्रामकता के आधार पर चार जोखिम श्रेणियों में वर्गीकृत किया गया है।
    • प्रतिबंधित अनुप्रयोग: वृहत पैमाने पर फेशियल रिकग्निशन और व्यवहार नियंत्रण के लिये AI अनुप्रयोगों को बड़े पैमाने पर प्रतिबंधित कर दिया गया है, सिवाय कि उनका उपयोग कानून प्रवर्तन के लिये न किया जा रहा हो
    • उच्च जोखिम वाले अनुप्रयोग: इसे सेल्फ-ड्राइविंग ऑटोमोबाइल के लिये AI टूल सहित पारदर्शी बैकएंड तकनीकों के लिये प्रमाणन और प्रावधानों के साथ अनुमोदित किया गया है।
    • मध्यम स्तर के जोखिम वाले एप्लीकेशन बिना किसी प्रतिबंध के लॉन्च किये जा सकते हैं, जैसे जेनरेटिव एआई का उपयोग करने वाले चैटबॉट, जिसमें AI इंटरैक्शन, पारदर्शिता की अनिवार्यता एवं विस्तृत तकनीकी दस्तावेज़ीकरण के बारे में उपयोगकर्त्ताओं द्वारा स्पष्ट प्रकटीकरण प्रदान किया गया हो।
  • नियमन संबंधी यूरोपीय संघ की अन्य उपलब्धियाँ:
    • सामान्य डेटा संरक्षण विनियमन (General Data Protection Regulation- GDPR) कार्यान्वयन: डेटा प्रोसेसिंग के लिये गोपनीयता और स्पष्ट सहमति को ध्यान में रखते हुए इसे मई 2018 से लागू किया गया है।
      • उप-कानून: DSA और DMA:
        • डिजिटल सेवा अधिनियम (DSA): यह नफरती भाषण, नकली सामानों के क्रय-विक्रय को विनियमित करने पर केंद्रित है।
        • डिजिटल बाज़ार अधिनियम (DMA): यह "प्रमुख सुरक्षाकर्त्ता" प्लेटफाॅर्मों की पहचान करने और गैर-प्रतिस्पर्द्धी प्रथाओं एवं प्रभुत्व के दुरुपयोग जैसे समाधानों से संबंधित है।

AI विनियमन के लिये वैश्विक स्तर पर विभिन्न रणनीतियाँ क्या हैं?

  • EU: सख्त रुख, आक्रामकता और जोखिम के आधार पर AI का वर्गीकरण।
  • यूनाइटेड किंगडम: AI में नवाचार को बढ़ावा देने वाला 'लाइट-टच' दृष्टिकोण।
  • संयुक्त राज्य अमेरिका: यहाँ के नियम सख्त विनियमन और नवाचार समर्थन के बीच स्थित है।
  • चीन: अपनी नीतियों और प्राथमिकताओं को ध्यान में रखते हुए इसने AI विनियमन के लिये अपने स्वयं के उपाय लागू किये हैं।

AI विनियमन के संबंध में भारत की क्या रणनीति है?

  • भारत का रुख
    • भारत के पास अभी भी AI विनियमन को लेकर एक व्यापक ढाँचा नहीं है। हालाँकि भारत इसके विनियमन पर विचार के रुख के स्थान पर जोखिम-आधारित, उपयोगकर्त्ता-नुकसान दृष्टिकोण के आधार पर सक्रिय रूप से नियम तैयार कर रहा है।
  • समावेशी और उत्तरदायित्वपूर्व AI को प्रोत्साहन: 
    • #AIFORALL समावेशिता पर केंद्रित भारत की प्रारंभिक राष्ट्रीय AI रणनीति है, इसे वर्ष 2018 में शुरू किया गया था।
    • AI के लिये नीति आयोग की राष्ट्रीय रणनीति (2018) में उत्तरदायित्वपूर्व AI के संबंध में एक अध्याय शामिल है।
      • वर्ष 2021 में नीति आयोग ने ‘उत्तरदायित्वपूर्व AI का सिद्धांत’ नाम से एक रिपोर्ट जारी की। इसमें AI संबंधी सात व्यापक सिद्धांतों की गणना की गई: समानता, सुरक्षा और विश्वसनीयता, समावेशिता तथा गैर-भेदभाव, पारदर्शिता, जवाबदेही, गोपनीयता एवं सकारात्मक मानव मूल्यों का सुदृढ़ीकरण।
    • मार्च 2023 में इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय ने AI पर राष्ट्रीय कार्यक्रम IndiaAI की शुरुआत की, जिसका उद्देश्य AI से संबंधित सभी अनुसंधान एवं नवाचारों को शामिल करने हेतु एक व्यापक पहल के रूप में कार्य करना है।
    • जुलाई 2023 में भारतीय दूरसंचार नियामक प्राधिकरण ने एक रिपोर्ट जारी की जिसमें "जोखिम-आधारित ढाँचे" के आधार पर AI को विनियमित करने के लिये एक घरेलू वैधानिक प्राधिकरण स्थापित करने एवं कई सरकारी विभागों, विशेषज्ञ सदस्यों वाले एक सलाहकार निकाय के गठन की सिफारिश की गई थी।

भारत में प्रमुख क्षेत्र-विशिष्ट AI फ्रेमवर्क:

  • स्वास्थ्य सेवा क्षेत्र:
    • भारतीय चिकित्सा अनुसंधान परिषद ने जून 2023 में बायोमेडिकल अनुसंधान और स्वास्थ्य देखभाल में AI के अनुप्रयोग के संबंध में नैतिक दिशा-निर्देश जारी किये।
  • पूंजी बाज़ार:
    • SEBI ने नीतियों का मार्गदर्शन करने और पूंजी बाज़ार में AI प्रणाली के लिये एक सूची तैयार करने हेतु जनवरी 2019 में एक परिपत्र जारी किया था।
  • शिक्षा क्षेत्र:

कृत्रिम बुद्धिमत्ता पर वैश्विक साझेदारी (GPAI):

  • यह 28 देशों और यूरोपीय संघ का एक मंच है जो कृत्रिम बुद्धिमत्ता संबंधी चुनौतियों और अवसरों को समझने तथा इसके उत्तरदायिगत्वपूर्ण विकास को बढ़ावा देने के लिये एकजुट होकर कार्य कर रहे हैं।
    • वर्ष 2020 में भारत इसके संस्थापक सदस्य के रूप में इसमें शामिल हुआ।
    • नवंबर 2022 में भारत को प्रथम वरीयता के दो-तिहाई से अधिक वोट मिले और उसे GPAI की इनकमिंग काउंसिल के अध्यक्ष के रूप में चुना गया। भारत वर्ष 2022-23 में आगामी सहायक अध्यक्ष के रूप में कार्य कर रहा है। भारत 12 दिसंबर, 2023 को वर्ष 2023-24 के लिये लीड चेयर के रूप में कार्यभार संभाल रहा है और वर्ष 2024-25 में आउटगोइंग सपोर्ट चेयर के रूप में कार्य करेगा।
    • चीन GPAI का सदस्य नहीं है।

  UPSC सिविल सेवा परीक्षा, विगत वर्ष के प्रश्न  

प्रिलिम्स:

प्रश्न. विकास की वर्तमान स्थिति में कृत्रिम बुद्धिमत्ता (Artificial Intelligence) निम्नलिखित में से किस कार्य को प्रभावी रूप से कर सकती है? (2020)

  1. औद्योगिक इकाइयों में विद्युत की खपत कम करना 
  2.  सार्थक लघु कहानियों और गीतों की रचना 
  3.  रोगों का निदान 
  4.  टेक्स्ट-से-स्पीच (Text-to-Speech) में परिवर्तन 
  5.  विद्युत ऊर्जा का बेतार संचरण

नीचे दिये गए कूट का प्रयोग कर सही उत्तर चुनिये:

(a) केवल 1, 2, 3 और 5
(b) केवल 1, 3 और 4
(c) केवल 2, 4 और 5
(d) 1, 2, 3, 4 और 5

उत्तर: (b)