राष्ट्रीय तात्कालिक विस्फोटक उपकरण डेटा प्रबंधन प्रणाली | 29 Jan 2026
केंद्रीय गृहमंत्री ने राष्ट्रीय सुरक्षा गार्ड (NSG) की राष्ट्रीय तात्कालिक विस्फोटक उपकरण डेटा प्रबंधन प्रणाली (NIDMS) का उद्घाटन किया, जिसके माध्यम से वर्ष 1999 से अब तक हुए सभी बम विस्फोटों का देश का पहला केंद्रीकृत राष्ट्रीय डिजिटल डेटाबेस स्थापित किया गया है।
राष्ट्रीय तात्कालिक विस्फोटक उपकरण डेटा प्रबंधन प्रणाली (NIDMS)
- परिचय: राष्ट्रीय सुरक्षा गार्ड (NSG) द्वारा विकसित NIDMS एक सुरक्षित, राष्ट्रीय स्तर का डिजिटल प्लेटफॉर्म है, जिसका उद्देश्य इंप्रोवाइज एक्सप्लोसिव डिवाइस (IED) से संबंधित डेटा का व्यवस्थित संग्रह, संकलन और प्रसार सक्षम करना है।
- प्रमुख विशेषताएँ:
- यह दोतरफा, एकीकृत और ऑनलाइन प्लेटफॉर्म है, जो NIA, ATS, राज्य पुलिस बलों, केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बलों (CAPFs) और अन्य एजेंसियों के लिये सुलभ होगा।
- रियल-टाइम डेटा शेयरिंग की सुविधा के माध्यम से तेज़, साक्ष्य-आधारित जाँच और अभियोजन में सहायता मिलेगी।
- ‘वन नेशन, वन डेटा रिपॉज़िटरी’ दृष्टिकोण के तहत IED से संबंधित डेटा को राष्ट्रीय सुरक्षा की संपत्ति माना जाएगा।
- कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI) की मदद से NIDMS विभिन्न डेटा स्रोतों को एकीकृत कर एक मज़बूत राष्ट्रीय सुरक्षा ग्रिड तैयार करेगा।
- यह ICJS-2 (इंटर-ओपरेबल क्रिमिनल जस्टिस सिस्टम – फेस-II) ईकोसिस्टम से एकीकृत होगा, जो ‘वन डेटा–वन एंट्री’ आर्किटेक्चर (CCTNS, e-Prisons, e-Forensics, NAFIS आदि) के अनुरूप है।
राष्ट्रीय सुरक्षा गार्ड
- राष्ट्रीय सुरक्षा गार्ड (NSG) भारत का संघीय आकस्मिक आतंकवाद-रोधी बल है, जिसकी स्थापना वर्ष 1984 में केंद्रीय मंत्रिमंडल के निर्णय के बाद की गई और वर्ष 1986 में इसे औपचारिक रूप से संगठित किया गया। इसका गठन संपूर्ण देश में सभी प्रकार की आतंकवादी गतिविधियों से निपटने के लिये किया गया है।
- ऑपरेशन ब्लू स्टार (1984) और तत्कालीन प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी की हत्या के बाद ऐसे विशेष बल की आवश्यकता महसूस की गई, जिसके परिणामस्वरूप NSG का गठन किया गया।
- यह बल तीव्र कार्रवाई और शीघ्र वापसी के सिद्धांत पर कार्य करता है और UK की SAS तथा जर्मनी की GSG-9 के मॉडल पर आधारित एक अत्यंत विशिष्ट कार्य-उन्मुख बल है।
- NSG दो पूरक घटकों से मिलकर बना है — स्पेशल एक्शन ग्रुप (SAG): जिसमें सेना से लिये गए कर्मी होते हैं और जो प्रत्यक्ष आतंकवाद-रोधी अभियानों को अंजाम देते हैं। स्पेशल रेंजर ग्रुप्स (SRG): जिसमें केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बलों तथा राज्य पुलिस बलों से लिये गए कर्मी होते हैं और अभियानों के परिचालन में समर्थन प्रदान करते हैं।
- NSG के क्षेत्रीय हब देश के विभिन्न हिस्सों — मुंबई, चेन्नई, कोलकाता, हैदराबाद और अहमदाबाद में स्थित हैं, अयोध्या में भी एक नया हब स्थापित किया जा रहा है।
- NSG के अधीन नेशनल बॉम्ब डेटा सेंटर (NBDC) एक नोडल एजेंसी के रूप में कार्य करता है, जो भारत और विदेशों में रिपोर्ट की गई सभी आतंकवादी बम विस्फोट गतिविधियों से संबंधित सूचनाओं का संग्रह, संकलन, विश्लेषण और मूल्यांकन करता है।
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