भारत ने CTF-154 समुद्री प्रशिक्षण बल का नेतृत्व संभाला | 14 Feb 2026
प्रथम बार, भारतीय नौसेना ने कम्बाइंड टास्क फोर्स (CTF) 154 की कमान संभाली है, जो कम्बाइंड मैरीटाइम फोर्सेज़ (CMF) के अधीन संचालित एक प्रमुख बहुराष्ट्रीय समुद्री प्रशिक्षण बल है। यह विकास सहकारी समुद्री सुरक्षा तथा क्षमता निर्माण के क्षेत्र में भारत की बढ़ती भूमिका को रेखांकित करता है।
CTF-154
- परिचय: CTF-154, जिसकी स्थापना वर्ष 2023 के मई माह में कम्बाइंड मैरीटाइम फोर्सेज़ (CMF) के अंतर्गत की गई थी, एक बहुराष्ट्रीय कार्यबल है, जो मध्य-पूर्व तथा व्यापक क्षेत्र में समुद्री सुरक्षा प्रशिक्षण और क्षमता निर्माण के लिये समर्पित है।
- CMF, जिसका मुख्यालय बहरीन में स्थित है, विश्व की सबसे बड़ी बहुराष्ट्रीय नौसैनिक साझेदारी है, जिसमें 47 राष्ट्र सम्मिलित हैं। यह संगठन महत्त्वपूर्ण अंतर्राष्ट्रीय जलक्षेत्रों में सुरक्षा तथा नियम-आधारित व्यवस्था के अनुरक्षण हेतु प्रतिबद्ध है।
- प्रशिक्षण का प्रमुख फोकस: यह कार्यबल समुद्री क्षेत्र जागरूकता, लॉ ऑफ द सी, समुद्री अवरोधन अभियानों, समुद्री बचाव एवं सहायता तथा नेतृत्व विकास पर कार्य करता है।
- संरचना: CTF-154 का मुख्य कर्मी दल कनाडा, मिस्र, जॉर्डन, सेशेल्स, तुर्की और संयुक्त राज्य अमेरिका के कर्मचारियों से मिलकर बना है, जो इसकी बहुराष्ट्रीय प्रकृति को दर्शाता है।
- भूमिका: यह CTF-150 (समुद्री सुरक्षा), CTF-151 (दस्युतापूर्ण गतिविधियों का मुकाबला), CTF-152 (अरब सागर सुरक्षा) और CTF-153 (लाल सागर सुरक्षा) के साथ समन्वयपूर्वक कार्य करता है।
- अभ्यास: यह समुद्री सुरक्षा संवर्द्धन प्रशिक्षण (MSET), कंपास रोज़ तथा उत्तरी/दक्षिणी तैयारियों के अभ्यास आयोजित करता है, ताकि साझेदार देशों की समुद्री डकैती, अवैध तस्करी और अनियमित प्रवास के विरुद्ध क्षमता को सुदृढ़ किया जा सके।
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