बजट 2024-25 में अनुमोदित योजनाएँ | 06 Feb 2024

प्रिलिम्स के लिये:

उर्वरक (यूरिया), आत्मनिर्भर भारत, केंद्र सरकार द्वारा स्वीकृत प्रमुख योजनाएँ, अंत्योदय अन्न योजना (AAY)

मेन्स के लिये:

केंद्र सरकार द्वारा अनुमोदित प्रमुख योजनाएँ, सरकारी नीतियाँ और हस्तक्षेप।

स्रोत: पी.आई.बी.

चर्चा में क्यों?

हाल ही में केंद्रीय मंत्रिमंडल ने कई प्रमुख आर्थिक निर्णयों को मंज़ूरी दी है, जिसमें चीनी सब्सिडी योजना (Subsidised Sugar Scheme) जैसी विभिन्न योजनाओं का विस्तार भी शामिल है।

केंद्र सरकार द्वारा अनुमोदित प्रमुख योजनाएँ कौन-सी हैं?

  • चीनी सब्सिडी योजना का विस्तान:
    • केंद्रीय मंत्रिमंडल ने सार्वजनिक वितरण योजना (PDS) के माध्यम से वितरित अंत्योदय अन्न योजना (AAY) के लाभार्थी परिवारों के लिये चीनी सब्सिडी की योजना को दो और वर्षों यानी 31 मार्च, 2026 तक बढ़ाने को अनुमति दे दी है।
    • यह योजना निर्धनतम लोगों तक चीनी की पहुँच को सुगम बनाती है और उनके आहार में ऊर्जा को शामिल करती है ताकि उनके स्वास्थ्य में सुधार हो।
    • इस योजना के तहत, केंद्र सरकार प्रतिभागी राज्यों के AAY परिवारों को चीनी पर प्रति माह प्रति किलोग्राम 18.50 रुपए की सब्सिडी देती है। 
    • भारत सरकार पहले से ही प्रधानमंत्री गरीब कल्याण अन्न योजना (PM-GKAY) के तहत निशुल्क राशन प्रदान कर रही है।
      • PM-GKAY के अलावा भी नागरिकों को पर्याप्त भोजन सुनिश्चित करने के उपाय के तौर पर किफायती और उचित कीमतों पर 'भारत आटा', 'भारत दाल' और टमाटर तथा प्याज की बिक्री की जाती है । 
    • इस अनुमति के साथ, सरकार सार्वजनिक वितरण प्रणाली (PDS) के माध्यम से AAY परिवारों को प्रति माह प्रति परिवार एक किलोग्राम की दर से चीनी वितरण के लिये प्रतिभागी राज्यों को सब्सिडी देना जारी रखेगी।
      • चीनी की खरीद और वितरण की ज़िम्मेदारी राज्यों की है।
  • परिधान/वस्‍त्रों के निर्यात के लिये राज्य और केंद्रीय करों तथा लेवी में छूट की योजना (RoSCTL):
    • केंद्रीय मंत्रिमंडल ने परिधान/वस्‍त्रों और मेड अप्‍स के निर्यात के लिये राज्य एवं केंद्रीय करों तथा लेवी (RoSCTL) की छूट योजना 31 मार्च, 2026 तक जारी रखने की अनुमति दे दी।
    • दो वर्षों की प्रस्तावित अवधि के लिये योजना को जारी रखने से स्थिर नीतिगत व्यवस्था मिलेगी जो दीर्घकालिक व्यापार योजना हेतु आवश्यक है, विशेष रूप से कपड़ा क्षेत्र में।
      • अन्य कपड़ा उत्पाद जो RoSCTLके अंतर्गत शामिल नहीं हैं, अन्य उत्पादों के साथ RoDTEP के तहत लाभ प्राप्त करने के पात्र हैं।
  • पशुपालन अवसंरचना विकास कोष (AHIDF) का विस्तार:
    • मंत्रिमंडल ने अवसंरचना विकास कोष (Infrastructure Development Fund- IDF) के तहत लागू किए जाने वाले पशुपालन अवसंरचना विकास कोष (Animal Husbandry Infrastructure Development Fund- AHIDF) को वर्ष 2025-26 तक अगले तीन वर्षों के लिये जारी रखने की मंज़ूरी दे दी है। 
    • योजना का उद्देश्य डेयरी प्रसंस्करण, उत्पाद विविधीकरण, मांस प्रसंस्करण, पशु चारा संयंत्र और नस्ल गुणन फार्म के लिये निवेश को प्रोत्साहित करना है।
    • AHIDF एक ऐसी योजना है जिसका उद्देश्य भारत में पशुपालन क्षेत्र में निवेश को बढ़ावा देना तथा प्रोत्साहित करना है।
      • भारत सरकार अनुसूचित बैंको तथा अन्य वित्तीय संस्थानों से 90 प्रतिशत तक ऋण के लिये दो वर्ष की मोहलत सहित 8 वर्षों के लिये 3 प्रतिशत ब्याज अनुदान प्रदान करेगी।
  • उर्वरक (यूरिया) इकाइयों के लिये घरेलू गैस की आपूर्ति के लिये विपणन मार्जिन:
    • मंत्रिमंडल ने 1 मई, 2009 से 17 नवंबर, 2015 की अवधि में उर्वरक (यूरिया) इकाइयों को घरेलू गैस की आपूर्ति पर विपणन मार्जिन के निर्धारण को अनुमति दे दी है।
    • यह अनुमति एक संरचनात्मक सुधार है। विपणन मार्जिन, गैस के विपणन से जुड़े अतिरिक्त जोखिम और लागत को वहन करने के लिये गैस विपणन कंपनी द्वारा उपभोक्ताओं से गैस की लागत के अतिरिक्‍त वसूला जाता है। 
      • इससे पहले सरकार ने वर्ष 2015 में यूरिया और LPG उत्पादकों को घरेलू गैस की आपूर्ति पर विपणन मार्जिन निर्धारित किया था।
    • यह अनुमोदन विभिन्न उर्वरक (यूरिया) इकाइयों को 2009 से 2015 की अवधि के दौरान खरीदी गई घरेलू गैस पर उनके द्वारा भुगतान किये गए विपणन मार्जिन के घटक के लिये अतिरिक्त पूंजी प्रदान करेगा।
    • सरकार के आत्मनिर्भर भारत के दृष्टिकोण के अनुरूप, इस अनुमति से निर्माताओं को निवेश बढ़ाने के लिये प्रोत्साहन मिलेगा। 
      • बढ़े हुए निवेश से उर्वरक क्षेत्र में आत्मनिर्भरता आएगी और गैस अवसंरचना के क्षेत्र में भविष्य के निवेश के लिये निश्चितता आएगी।

  UPSC सिविल सेवा परीक्षा, विगत वर्ष के प्रश्न  

प्रिलिम्स:

प्रश्न. राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम, 2013 के अधीन बनाए गए उपबंधों के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिये: (2018)

  1. केवल वे ही परिवार सहायता प्राप्त खाद्यान्न लेने की पात्रता रखते हैं जो "गरीबी रेखा से नीचे" (बी.पी.एल.) श्रेणी में आते हैं।
  2. परिवार में 18 वर्ष या उससे अधिक उम्र की सबसे अधिक उम्र वाली महिला ही राशन कार्ड निर्गत किये जाने के प्रयोजन से परिवार का मुखिया होगी।
  3. गर्भवती महिलाएँ एवं दुग्ध पिलाने वाली माताएँ गर्भावस्था के दौरान और उसके छः महीने बाद तक प्रतिदिन      1600 कैलोरी वाला राशन घर ले जाने की हक़दार हैं।

उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से सही है/हैं?

(a) केवल 1 और 2
(b) केवल 2
(c) केवल 1 और 3
(d) केवल 3

उत्तर: (b)


मेन्स:

प्रश्न 1. प्रत्यक्ष लाभ अंतरण (डी.बी.टी.) के द्वारा कीमत सहायिकी का प्रतिस्थापन भारत में सहायिकियों के परिदृश्य का किस प्रकार परिवर्तन कर सकता है? चर्चा कीजिये। (2015)

प्रश्न 2. राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम, 2013 की मुख्य विशेषताएँ क्या हैं ? खाद्य सुरक्षा विधेयक ने भारत में भूख तथा कुपोषण को दूर करने में किस प्रकार सहायता की है ? (2021)