राष्ट्रीय विज्ञान पुरस्कार | 18 Nov 2023

प्रिलिम्स के लिये:

राष्ट्रीय विज्ञान पुरस्कार, पद्म पुरस्कार और अन्य राष्ट्रीय पुरस्कार, विज्ञान रत्न पुरस्कार, विज्ञान श्री पुरस्कार, विज्ञान टीम पुरस्कार, विज्ञान युवा-शांति स्वरूप भटनागर (VY-SSB)।

मेन्स के लिये:

राष्ट्रीय विज्ञान पुरस्कार, विज्ञान और प्रौद्योगिकी में भारतीयों की उपलब्धियाँ।

स्रोत: द हिंदू

चर्चा में क्यों?

हाल ही में विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी मंत्रालय ने पद्म पुरस्कार और अन्य राष्ट्रीय पुरस्कारों के समान 'राष्ट्रीय विज्ञान पुरस्कार' (RVP) की घोषणा की है।

राष्ट्रीय विज्ञान पुरस्कार (RVP) क्या है?

  • शामिल पुरस्कार:
    • विज्ञान रत्न पुरस्कार: ये पुरस्कार विज्ञान और प्रौद्योगिकी के किसी भी क्षेत्र में किये गए पूरे जीवन की उपलब्धियों और योगदान को मान्यता देंगे।
    • विज्ञान श्री पुरस्कार: ये पुरस्कार विज्ञान और प्रौद्योगिकी के किसी भी क्षेत्र में विशिष्ट योगदान को मान्यता देंगे।
    • विज्ञान टीम पुरस्कार: ये पुरस्कार तीन या अधिक वैज्ञानिकों/शोधकर्त्ताओं/नवप्रवर्तकों की टीम को दिये जाएंगे, जिन्होंने विज्ञान और प्रौद्योगिकी के किसी भी क्षेत्र में एक टीम में काम करते हुए असाधारण योगदान दिया है।
    • विज्ञान युवा-शांति स्वरूप भटनागर (VY-SSB): ये पुरस्कार युवा वैज्ञानिकों (अधिकतम 45 वर्ष) के लिये भारत में सर्वोच्च बहुविषयक विज्ञान पुरस्कार हैं।
  • मानदंड:
    • पुरस्कारों में प्रौद्योगिकी-आधारित नवाचारों और टीम के सहयोगी प्रयासों को शामिल करते हुए विविध मानदंड शामिल हैं।
    • पिछले पुरस्कारों के विपरीत RVP विज्ञान युवा-SSB पुरस्कार को छोड़कर आयु प्रतिबंध लागू नहीं करता है, जो आयु और लैंगिक पूर्वाग्रहों को संबोधित करने के आह्वान के अनुरूप है।
    • पुरस्कारों के लिये नामांकन प्रत्येक वर्ष 14 जनवरी को आमंत्रित किये जाएंगे जो प्रत्येक वर्ष 28 फरवरी (राष्ट्रीय विज्ञान दिवस) तक खुले रहेंगे।
      • इन पुरस्कारों की घोषणा प्रत्येक वर्ष 11 मई (राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी दिवस) को की जाएगी। सभी श्रेणियों के पुरस्कारों के लिये पुरस्कार समारोह 23 अगस्त (राष्ट्रीय अंतरिक्ष दिवस) को आयोजित किया जाएगा।
  • महत्त्व:
    • यह भारतीय वैज्ञानिक प्रतिभा के वैश्विक प्रभाव को पहचानते हुए विदेशों में भारतीय मूल के व्यक्तियों की भागीदारी को स्वीकार और प्रोत्साहित करता है।
    • नए पुरस्कार सरकारी, निजी क्षेत्र के संगठनों में कार्य करने वाले वैज्ञानिकों, प्रौद्योगिकीविदों और नवप्रवर्तकों (या टीमों) या किसी संगठन के बाहर कार्य करने वाले व्यक्तियों के विस्तारित समूह के लिये खुले होंगे।
    • नए पुरस्कारों में खोज-आधारित अनुसंधान के अलावा प्रौद्योगिकी-आधारित नवाचारों या उत्पादों सहित पात्रता मानदंडों का भी विस्तार होगा।  RVP में वैज्ञानिक अनुसंधान की बढ़ती सहयोगात्मक, अंतर-विषयक, अनुवादात्मक एवं अंतःक्रियात्मक प्रकृति को स्वीकार करने के लिये टीम पुरस्कारों (विज्ञान टीम) का एक सेट भी शामिल है।
    • यह ध्यान रखना महत्त्वपूर्ण है कि विज्ञान युवा-SSB पुरस्कार, जो 45 वर्ष की आयु तक के वैज्ञानिकों को दिया जाता है, को छोड़कर सभी RVP पुरस्कारों में कोई आयु प्रतिबंध नहीं है और स्पष्ट रूप से निष्पक्ष लिंग प्रतिनिधित्व की गारंटी देने की प्रतिज्ञा है।

RVP पिछली सीमाओं को पार करते हुए समावेशिता को कैसे बढ़ा सकता है?

  • असाधारण योगदान के लिये स्पष्ट मानदंड:
    • यह सुनिश्चित करने के लिये कि RVP प्रणाली केवल वास्तव में "उल्लेखनीय और प्रेरणादायक योगदान" को ही मान्यता देती है, पुरस्कारों के विवरण में यह कथन अवश्य शामिल होना चाहिये कि योगदान किसी वैज्ञानिक/प्रौद्योगिकीविद् के मानक नौकरी विवरण के अलावा है, न कि केवल वृद्धिशील कार्य या उनकी नियुक्ति का अभिन्न अंग है।
  • विविध वैज्ञानिक संलग्नता को शामिल करना:
    • RVP पुरस्कारों में श्रेणियों को शामिल करके या शिक्षण, सलाह, विज्ञान संचार और नेतृत्व पर विचार करके अनुसंधान से परे वैज्ञानिकों के योगदान को स्वीकार किया जाना चाहिये।
    • ये प्रयास अक्सर प्राथमिक भूमिकाओं के अतिरिक्त चयन के दौरान पुरस्कार संरचना के तहत मान्यता के योग्य होते हैं।
  • आयु सीमा और लिंग समानता में संशोधन:
    • विज्ञान युवा-SSB के लिये 45 वर्ष की आयु सीमा लैंगिक समानता की चुनौती पेश करती है, जिससे महिलाओं को पारिवारिक दायित्व निभाने में बाधा आती है।
    • निष्पक्षता सुनिश्चित करने के लिये कॅरियर की स्वतंत्रता के आधार पर 'युवा वैज्ञानिक' को फिर से परिभाषित करना या व्यक्तिगत परिस्थितियों पर विचार करते हुए पात्रता विस्तार की पेशकश करना लैंगिक समानता के खिलाफ बाधाएँ से बचने हेतु महत्त्वपूर्ण है।
  • पारदर्शी चयन प्रक्रियाएँ:
    • जब RVP पुरस्कार प्रक्रिया लागू की जाती है, तो चयन प्रक्रिया को पूर्व निर्धारित समय-सीमा का पालन करना होगा, शॉर्टलिस्ट किये गए आवेदकों की एक सार्वजनिक सूची प्रदान करनी होगी और इसमें लिंग-संतुलित एवं विविध चयन समितियाँ, अंतर्राष्ट्रीय जूरी सदस्य तथा एक गैर-पक्षपातपूर्ण जूरी सदस्य - एक गैर-वैज्ञानिक जूरी सदस्य शामिल होने चाहिये जिससे यह सुनिश्चित हो सके कि चयन निष्पक्ष हो।
  • विविधता और सामाजिक आर्थिक प्रतिनिधित्व:
    • नई पुरस्कार प्रणाली को लैंगिक समानता के अलावा पुरस्कार विजेताओं के बीच उचित सामाजिक-आर्थिक और जनसांख्यिकीय प्रतिनिधित्व सुनिश्चित करने और कार्यस्थल से संबंधित गंभीर प्रणालीगत सामाजिक चुनौतियों और/या बाधाओं तथा विचारों के योगदान के लिये सचेत होकर प्रयास करने का संकल्प लेना चाहिये। 
  • सुधार के लिये सतत् मूल्यांकन:
    • वैज्ञानिक पुरस्कारों की आवश्यकता पर बहस के बावजूद भारत के पास निर्णय लेने के लिये पर्याप्त डेटा का अभाव है। हालाँकि वैज्ञानिक प्रगति, क्षेत्र के विकास, रोल मॉडल, विविधता और देश की वैज्ञानिक संस्कृति पर पुरस्कार प्रणाली के प्रभाव का मूल्यांकन सूचित निर्णयों हेतु महत्त्वपूर्ण है।

  सिविल सेवा परीक्षा, विगत वर्ष के प्रश्न  

प्रिलिम्स:

प्रश्न. निम्नलिखित में से किस क्षेत्र में उत्कृष्ट योगदान के लिये शांति स्वरूप भटनागर पुरस्कार दिया जाता है? (2009)

(a) साहित्य
(b) प्रदर्शन
(c) विज्ञान
(d) समाज सेवा

उत्तर: (c)