भारत और इज़रायल के बीच मिसाइल रक्षा सौदा | 25 Oct 2018

चर्चा में क्यों?

इज़रायल की एक प्रमुख रक्षा कंपनी ने भारत इलेक्ट्रॉनिक्स लिमिटेड के साथ 777 मिलियन अमेरिकी डॉलर के रक्षा समझौते पर हस्ताक्षर किये हैं। उल्लेखनीय है कि रूस के बाद इज़राइल भारत का दूसरा सबसे बड़ा हथियारों का आपूर्तिकर्त्ता है।

प्रमुख बिंदु

  • इस समझौते के अनुसार, इज़राइल एयरोस्पेस इंडस्ट्रीज़ (IAI) भारतीय नौसेना के 7 पोतों के लिये सतह से हवा में मार करने वाली लंबी दूरी की मिसाइल (LRSAM) और हवाई मिसाइल रक्षा प्रणाली संचालित बराक-8 के समुद्री संस्करण की आपूर्ति करेगी। 
  • भारत इलेक्ट्रॉनिक्स लिमिटेड (BEL) इस परियोजना के तहत मुख्य निर्माता की भूमिका निभाएगा।

इज़राइल एयरोस्पेस इंडस्ट्रीज (IAI)

  • IAI इज़रायल की सबसे बड़ी एयरोस्पेस और रक्षा कंपनी है।
  • यह मिसाइल भेदी, एयर सिस्टम्स और खुफिया एवं साइबर सुरक्षा प्रणालियों तथा रक्षा प्रणालियों का विकास, विनिर्माण और आपूर्ति करती है।

भारत और इज़रायल के बीच रक्षा संबंध

  • इज़रायल की रक्षा प्रतिष्ठान के साथ भारत के घनिष्ठ संबंध हैं और इजरायली रक्षा कंपनियों के साथ भारत कई महत्त्वपूर्ण सौदों पर हस्ताक्षर कर चुका है। 
  • भारत IAI के लिये एक प्रमुख बाज़ार है और बढ़ती प्रतिस्पर्द्धा के मद्देनज़र भी वह भारत में अपनी स्थिति को और मज़बूत बनाने की योजना बना रहा है।
  • इज़राइल रक्षा मंत्रालय के आँकड़ों के अनुसार, इज़रायल दुनिया के शीर्ष हथियार डीलरों में से एक है और इसके कुल रक्षा निर्यात का लगभग 60 प्रतिशत निर्यात एशिया-प्रशांत क्षेत्र में किया जाता है।

निष्कर्ष

  • दोनों देशों के बीच द्विपक्षीय सहयोग समय के साथ बराबर बढ़ता जा रहा है। राजनीतिक समझ, सुरक्षा सहयोग और प्रौद्योगिकी साझेदारी भारत और इज़राइल के बीच रणनीतिक संबंधों के मुख्य स्तंभ हैं। इसके अलावा दोनों देश अंतरिक्ष, साइबर सुरक्षा एवं नवोन्मेष (स्टार्ट-अप) जैसे नए क्षेत्रों में संभावनाओं की तलाश में हैं।