भारत- श्रीलंका संबंध | 14 Feb 2020

प्रीलिम्स के लिये:

महाबोधि मंदिर, पाक जलडमरूमध्य, सागर, मित्र शक्ति, स्लीनेक्स

मेन्स के लिये:

भारत- श्रीलंका संबंध

चर्चा में क्यों?

भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के निमंत्रण पर श्रीलंकाई प्रधानमंत्री महिंद्रा राजपक्षे ने 8-11 फरवरी, 2020 तक भारत का दौरा किया।

  • अपनी भारत यात्रा के दौरान श्रीलंका के प्रधानमंत्री वाराणसी में काशी विश्वनाथ मंदिर, बिहार के बोधगया में महाबोधि मंदिर और आंध्र प्रदेश में तिरुपति मंदिर भी गए।

मुख्य बिंदु:

  • तमिल मुद्दा:
    • श्रीलंका में तमिल मुद्दों के समाधान की प्रक्रिया को आगे बढ़ाने के लिये भारत ने श्रीलंका पर भरोसा जताया है।
    • भारत ने श्रीलंका में समानता, न्याय, शांति और सम्मान हेतु तमिलों की आकांक्षाओं को पूरा करने का भी अनुरोध किया है।
  • युद्ध प्रभावित क्षेत्रों में विकास:
    • श्रीलंका ने भारत से उत्तर और पूर्व में अधिक घर बनाने का अनुरोध किया है। जबकि भारत ने अब तक युद्ध प्रभावित क्षेत्रों में 46,000 घरों का निर्माण करने में मदद की है।
    • श्रीलंका ने गहरे समुद्री क्षेत्र में मछली पकड़ने की तकनीक के लिये सहायता प्रदान करने का भी अनुरोध किया है जिससे श्रीलंकाई लोगों के लिये रोज़गार सृजित करने में मदद मिलेगी।
  • संयुक्त समुद्री संसाधन प्रबंधन प्राधिकरण
    (Joint Marine Resources Management Authority):
    • क्षेत्रीय जल से निकटता (विशेष रूप से पाक जलडमरूमध्य और मन्नार की खाड़ी में) के कारण दोनों देशों के मछुआरों के भटकने की घटनाएँ आम हैं। ऐसी स्थिति के मद्देनज़र दोनों देशों ने अंतर्राष्ट्रीय समुद्री सीमा रेखा को पार करने वाले मछुआरों के कारण उत्पन्न विवाद के समाधान के लिये कुछ व्यावहारिक व्यवस्थाओं पर सहमति व्यक्त की है।
    • श्रीलंका ने दो देशों के बीच एक संयुक्त समुद्री संसाधन प्रबंधन प्राधिकरण स्थापित करने का भी प्रस्ताव दिया है।
    • इस प्राधिकरण में दोनों देशों के सात सदस्य होंगे जिनमें नौकरशाह, शोधकर्त्ता, मछुआरों के संघ के प्रतिनिधि शामिल होंगे।
    • प्रस्तावित प्राधिकरण से पाक जलडमरूमध्य (Palk Strait) क्षेत्र में मछली पकड़ने को लेकर होने वाले मत्स्य संघर्ष का स्थायी समाधान खोजने में मदद मिलेगी।
      • पाक जलडमरूमध्य, भारत के तमिलनाडु राज्य और श्रीलंका के उत्तरी प्रांत के जाफना ज़िले के बीच स्थित है।
  • ऋण जाल (Debt Trap):
    • भारत ने चीन की ऋण जाल कूटनीति में फँसे श्रीलंका से इस ऋण जाल के संबंध में चर्चा की।
      • ऋण जाल कूटनीति का तात्पर्य चीन द्वारा विकासशील या अविकसित देशों जैसे- अफ्रीकी देश जो अवसंरचनात्मक परियोजनाओं के लिये धन उधार लेते हैं, को लुभाने या फँसाने की रणनीति है।
  • हिंद महासागरीय क्षेत्र:
    • दोनों देशों ने हिंद महासागरीय क्षेत्र और हिंद-प्रशांत क्षेत्र में शांति एवं समृद्धि के लिये आपस में सहयोग करने पर सहमति जताई।
    • भारत ने अपनी पड़ोसी पहले (Neighbourhood First) की नीति और सागर- क्षेत्र में सभी के लिये सुरक्षा एवं संवृद्धि (SAGAR- Security and Growth for all in the Region) के तहत हिंद महासागर की सुरक्षा को भी सुदृढ़ किया।
      • सागर (SAGAR) कार्यक्रम को भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा मॉरीशस यात्रा के दौरान वर्ष 2015 में नीली अर्थव्यवस्था पर ध्यान केंद्रित करने हेतु शुरू किया गया था।
      • इस कार्यक्रम के माध्यम से भारत हिंद महासागर क्षेत्र में शांति, स्थिरता और समृद्धि भी सुनिश्चित करने का प्रयास कर रहा है।
      • इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य सभी देशों द्वारा अंतर्राष्ट्रीय समुद्री नियमों और मानदंडों का सम्मान, एक-दूसरे के हितों के प्रति संवेदनशीलता, समुद्री मुद्दों का शांतिपूर्ण समाधान तथा समुद्री सहयोग में वृद्धि करना इत्यादि है।
  • आतंकवाद:
    • दोनों देशों ने अपनी आतंकवाद विरोधी एजेंसियों के बीच संपर्क एवं सहयोग को बढ़ावा देने का निर्णय लिया है।

भारत - श्रीलंका संबंध: एक ऐतिहासिक परिप्रेक्ष्य में

Sri-Lanka

  • भारत श्रीलंका का निकटतम पड़ोसी है। दोनों देशों के बीच संबंध 2,500 साल से अधिक पुराना है और दोनों पक्षों ने बौद्धिक, सांस्कृतिक, धार्मिक एवं भाषायी सहयोग की विरासत का निर्माण किया है।
  • श्रीलंका में गृहयुद्ध के दौरान भारत ने विद्रोही ताकतों के खिलाफ कार्रवाई करने के लिये श्रीलंकाई सरकार का समर्थन किया था।
  • भारतीय आवास परियोजना (Indian Housing Project) भारत सरकार द्वारा श्रीलंका को विकासात्मक सहायता देने के लिये प्रमुख परियोजना है। इस परियोजना के तहत गृहयुद्ध से प्रभावित क्षेत्रों के लोगों तथा चाय बागान क्षेत्रों के श्रमिकों के लिये 50,000 घरों का निर्माण करना है।
  • भारत और श्रीलंका संयुक्त सैन्य अभ्यास (मित्र शक्ति- Mitra Shakti) और नौसेना अभ्यास (स्लीनेक्स- SLINEX) का आयोजन करते हैं।
  • हाल ही में 41 वर्षों के अंतराल के बाद भारत के चेन्नई शहर से श्रीलंका के जाफना के लिये उड़ान सेवा फिर से शुरू हुई जिसे श्रीलंकाई गृहयुद्ध के दौरान बंद कर दिया गया था।

स्रोत- PIB